तहसील सभागार में आयोजित बार और बेंच की समन्वय बैठक में अधिवक्ताओं ने कई समस्याएं गिनाई। बैठक में एसडीएम न्यायिक के न आने पर अधिवक्ताओं ने नाराजगी जताई। एसडीएम अजीत प्रताप सिंह ने कहा कि बार और बेंच एक सिक्के के दो पहलू होते हैं। दोनों के समन्वय से ही किसी को न्याय दिलाना संभव है।

उन्होंने कहा कि खतौनी में अंश निर्धारण में हुई त्रुटि सुधार के लिए टीम गठित कर जल्द ही यह समस्या दूर करने की कोशिश की जाएगी। तहसीलदार अभिषेक तिवारी ने तहसील की समस्याओं को तत्काल दूर करने का आश्वासन दिया है। वरिष्ठ अधिवक्ता एसपी मिश्रा ने कहा कि नियमित न्यायालयों को चलाया जाए, जिससे वादकारियों को जल्द ही न्याय मिल सके। इस दौरान उन्होंने तहसील कर्मियों की शिकायत दर्ज कराई। बार एसोसिएशन मेजा के अध्यक्ष श्रीकांत तिवारी और मंत्री मनोज शुक्ला ने कहा कि अधिकारी और कर्मचारी अपने रवैए में सुधार लाएं वरना अधिवक्ता आंदोलन की राह अपनाने से बाज नहीं आएंगे।
बैठक का संचालन वरिष्ठ अधिवक्ता हीरालाल मिश्र मधुप ने किया। बार एसोससिएशन के मंत्री मनोज शुक्ला ने तहसील का मुख्य गेट लगवाने की मांग की है। समन्वय बैठक में एसपी मिश्रा, सतीश चन्द्र दूबे, आनन्द पाण्डेय, बार एसोसिएशन मेजा के पूर्व अध्यक्ष जटाशंकर शुक्ला, श्रीकांत पाण्डेय आदि मौजूद रहे।
