रेलकर्मी से घूस मांगने के आरोप में सीबीआई द्वारा पकड़े गए मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय (डीआरएम ऑफिस) में तैनात सहायक कार्मिक अधिकारी अरविंद कुमार और कार्यालय अधीक्षक राजेंद्र मणि त्रिपाठी शुक्रवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिए गए। शुक्रवार को इन दोनों ही आरोपी रेलकर्मियों को सीबीआई ने लखनऊ स्थित अदालत में पेश किया। इस मामले को लेकर डीआरएम ऑफिस प्रयागराज में दिन भर अफरा तफरी का माहौल बना रहा। मुख्यालय स्तर पर दोनों आरोपी कर्मियों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई चल रही है।
प्रयागराज में तैनात मीरापुर निवासी सहायक लोको पायलट और कानपुर में तैनात उनकी पत्नी सिम्मी (जो खुद सहायक लोको पायलट हैं) ने जीवनसाथी (स्पाउस) के आधार पर प्रयागराज में तैनाती के लिए आवेदन किया था। आवेदन में हो रही देरी के बाद दंपती डीआरएम कार्यालय में एपीओ अरविंद कुमार से मिले, जिन्होंने उन्हें कार्यालय अधीक्षक राजेंद्र मणि त्रिपाठी से मिलने को कहा। आरोप है कि राजेंद्र मणि ने इस काम के एवज में 70 हजार रुपये की घूस मांगी।

