बरेली के नवाबगंज क्षेत्र के एक गांव में रविवार रात बीएससी की छात्रा की मौत हो गई। परिजन सोमवार सुबह शव लेकर अंत्येष्टि करने श्मशान भूमि पहुंच गए। आन की खातिर हत्या की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराया। गर्दन पर रस्सी के निशान मिले, लेकिन फंदा लगाने से मौत की पुष्टि नहीं हुई। जहर से मौत के संकेत मिले तो जांच के लिए विसरा सुरक्षित किया गया।

सोमवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि गांव में एक युवती की मौत के बाद परिवार के लोग शव का अंतिम संस्कार करने निकले हैं। आशंका जताई गई कि परिवार ने ही बेटी की हत्या की है। पुलिस पहुंची तो शव श्मशान पहुंच चुका था।
पिता ने बताई ये वजह
पुलिस ने अंतिम संस्कार रुकवाकर मृतका के पिता से पूछताछ की। उन्होंने बताया कि वह खेती करके परिवार पालते हैं। उनकी दो बेटियां हैं। छोटी बेटी बीएससी फाइनल की छात्रा थी। उसके गले में निकली गांठ का उपचार नवाबगंज के निजी अस्पताल में चल रहा था।
दो-तीन दिन से उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। रविवार रात उसके सीने में दर्द उठा तो वह जहानाबाद के निजी अस्पताल लेकर जा रहे थे। बेटी ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। तब शव घर ले आए। सीओ नीलेश मिश्रा ने टीम के साथ पहुंचकर जांच की। फिर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए बरेली भेज दिया गया। रात में फिर गांव में ही अंतिम संस्कार कर दिया गया।
