{“_id”:”6ad4a9c8284d4a05bf034ade”,”slug”:”high-court-bail-denied-to-accountant-accused-of-embezzling-4-crore-in-offerings-2026-10-18″,”type”:”feature-story”,”status”:”publish”,”title_hn”:”हाईकोर्ट : चार करोड़ के चढ़ावा के गबन के आरोपी अकाउंटेंट की जमानत खारिज, सदाफलदेव योग संस्थान का मामला”,”category”:{“title”:”City & states”,”title_hn”:”शहर और राज्य”,”slug”:”city-and-states”}}


कोर्ट (प्रतीकात्मक फोटो)
– फोटो : अमर उजाला।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वाराणसी स्थित सद्गुरु सदाफलदेव विहंगम योग संस्थान में चार करोड़ रुपये चढ़ावे के गबन के आरोपी अकाउंटेंट की जमानत अर्जी खारिज कर दी। साथ ही ट्रायल कोर्ट को यह निर्देश दिया कि यदि कोई कानूनी बाधा नहीं है तो मुकदमे का शीघ्र निस्तारण किया जाए।
यह आदेश न्यायमूर्ति कृष्ण पहल की एकल पीठ ने विवेक कुमार की जमानत अर्जी पर दिया है। अभियोजन के अनुसार, विवेक कुमार संस्थान में अकाउंटेंट के पद पर कार्यरत थे। संस्थान की वाराणसी, प्रयागराज और गया समेत कई स्थानों पर शाखाएं हैं। शिकायतकर्ता के मुताबिक, 23 सितंबर 2025 को आरोपी संस्थान के कार्यालय में 20 हजार रुपये के चढ़ावे का हिसाब देने पहुंचा था। इस दौरान उसने एचडीएफसी बैंक की बताई गई एक जमा रसीद प्रस्तुत की।
रसीद देखकर कार्यालय के कर्मचारियों को संदेह हुआ। इसके बाद बैंक शाखा में उसकी जांच कराई गई तो रसीद कथित तौर पर फर्जी पाई गई। अभियोजन का दावा है कि खातों की पड़ताल के दौरान आरोपी की ओर से पहले जमा कराई गई। कई अन्य रसीदें भी फर्जी मिलीं। इसी आधार पर संस्थान की चढ़ावे की रकम में चार करोड़ रुपये से अधिक के कथित गबन का मामला सामने आया।